सीक्रेट डील्स और सीक्रेट ईमेल एड्रेस?
यार, सच कहूँ तो मैं भी आपकी तरह ही हूँ। जब भी कोई नई ट्रैवल साइट दिखती है, खासकर जो इंडिया में पॉपुलर हैं जैसे MakeMyTrip या Goibibo, या फिर OLX India पर कुछ खरीदने-बेचने का मन करता है, तो सबसे पहले ईमेल आईडी डालने का ऑप्शन आता है। और हम सब क्या करते हैं? वही पुराना, भरोसेमंद Gmail, Yahoo, या Outlook का अकाउंट। सही कह रहा हूँ ना? लेकिन, क्या आपने कभी सोचा है कि इन साइटों पर हर बार अपना असली ईमेल डालने का क्या मतलब है? ये कंपनियां आपकी ट्रैवल हिस्ट्री, आपकी पसंद-नापसंद, सब कुछ ट्रैक करती हैं। और फिर? वही अनचाहे प्रमोशनल ईमेल, डिस्काउंट ऑफर्स जो शायद ही कभी काम के हों, और सबसे बुरी बात – आपका डेटा किसी थर्ड पार्टी को बेचा जा सकता है। मुझे तो कई बार ऐसा लगता है जैसे मैं अपनी सारी जानकारी एक प्लेट में रखकर परोस रहा हूँ।एक छोटी सी कहानी, आपकी आँखों खोलने के लिए
पिछले हफ्ते की बात है। मेरे एक दोस्त, राहुल, ने गोवा जाने के लिए एक लोकल ट्रैवल एजेंसी की वेबसाइट पर एक बढ़िया डील देखी। डील इतनी अच्छी थी कि उसने बिना सोचे-समझे अपना मेन ईमेल एड्रेस डाल दिया। कुछ हफ़्ते बाद, उसे उसी तरह की और भी बहुत सारी डील्स आने लगीं, जो पहले तो अच्छी लगीं। लेकिन फिर, अजीब सी चीज़ें होने लगीं। उसे स्पैम कॉल्स आने लगे, और एक बार तो उसके अकाउंट से एक छोटी सी राशि कटने की कोशिश भी हुई। शुक्र है, उसके बैंक ने उसे तुरंत अलर्ट कर दिया। पर ये सब देख कर मुझे लगा, यार, ये तो बड़ा खतरनाक है।तो, समाधान क्या है? गुमनाम ईमेल!
यहीं पर 'गुमनाम ईमेल' या 'टेम्परेरी ईमेल' का कॉन्सेप्ट आता है। ये ऐसे ईमेल एड्रेस होते हैं जो आप सिर्फ एक बार इस्तेमाल के लिए बना सकते हैं। सोचिए, किसी भी ट्रैवल साइट पर रजिस्टर करने के लिए, या किसी फोरम पर पोस्ट करने के लिए, या फिर किसी ऐसी जगह जहाँ आपको लगता है कि आपका ईमेल स्पैम हो सकता है – वहाँ आप इन टेम्परेरी ईमेल एड्रेस का इस्तेमाल करें।ये कैसे काम करते हैं?
बहुत आसान है। आप TempTom जैसी किसी भी टेम्परेरी ईमेल सर्विस पर जाएँ। वहाँ आपको एक नया, यूनिक ईमेल एड्रेस मिल जाएगा। आप इस एड्रेस को कॉपी करें और जहाँ भी आपको इसे इस्तेमाल करना है, वहाँ पेस्ट कर दें। कोई वेरिफिकेशन की जरूरत नहीं, कोई लॉग-इन नहीं। और सबसे अच्छी बात? ये ईमेल कुछ देर या कुछ घंटों के बाद अपने आप डिलीट हो जाते हैं। मतलब, आपकी प्राइवेसी पूरी तरह सुरक्षित!सिर्फ ट्रैवल डील्स ही नहीं, और भी बहुत कुछ!
ये सिर्फ होटल या फ्लाइट बुकिंग के लिए ही नहीं है। आपने कभी सोचा है कि जब आप किसी नई सर्विस के लिए साइन-अप करते हैं, तो वो आपको 'वेलकम ऑफर' के नाम पर कितने सारे ईमेल भेजते हैं? या फिर जब आप किसी ऑनलाइन सर्वे को पूरा करते हैं? इन सब जगहों पर आप टेम्परेरी ईमेल का इस्तेमाल कर सकते हैं। इससे आपका इनबॉक्स साफ रहेगा और आप सिर्फ उन्हीं ईमेल पर ध्यान दे पाएंगे जो आपके लिए वाकई ज़रूरी हैं, जैसे आपके Gmail या Outlook पर आने वाले।गोपनीयता के कुछ और टिप्स, जो आपको पसंद आएंगे
* मजबूत पासवर्ड रखें: ये तो सबको पता है, लेकिन फिर भी। अपने मेन अकाउंट्स के लिए हमेशा मजबूत, यूनिक पासवर्ड इस्तेमाल करें। * टू-फैक्टर ऑथेंटिकेशन (2FA) ऑन करें: जहाँ भी यह सुविधा मिले, उसे जरूर चालू करें। यह आपके अकाउंट को एक अतिरिक्त सुरक्षा परत देता है। * पब्लिक वाई-फाई से सावधान रहें: पब्लिक वाई-फाई पर बैंकिंग या कोई भी सेंसिटिव काम करने से बचें। अगर जरूरी हो, तो VPN का इस्तेमाल करें। * अज्ञात लिंक पर क्लिक न करें: किसी भी ऐसे ईमेल या मैसेज में आए लिंक पर क्लिक न करें जिस पर आपको शक हो।तो, अगली बार जब आप कोई ज़बरदस्त ट्रैवल डील देखें...
...तो जरा रुकिए। क्या आप उसके लिए अपनी प्राइवेसी को खतरे में डालना चाहते हैं? मुझे तो नहीं लगता। इसलिए, अगली बार जब आप किसी नई ट्रैवल साइट पर रजिस्टर करें, या किसी ऐसी जगह पर जहाँ आपको लगता है कि आपका ईमेल अनचाहा इस्तेमाल हो सकता है, तो TempTom जैसे किसी टेम्परेरी ईमेल सर्विस का इस्तेमाल करें। ये आपकी ऑनलाइन लाइफ को आसान और सुरक्षित बनाने का एक छोटा लेकिन बहुत पावरफुल तरीका है। आपकी प्राइवेसी, आपकी जिम्मेदारी!💡 सलाह: हमेशा नई वेबसाइटों का परीक्षण पहले अस्थायी ईमेल से करें।